लखनऊ में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह का काफिला निर्धारित रूट से भटक गया। आनन-फानन में सुरक्षाकर्मियों ने मोर्चा संभाला और काफिले को वापस सुरक्षित रूट पर लाया गया। सुरक्षा में इस तरह की चूक ने सुरक्षा व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।
राजनाथ सिंह शुक्रवार शाम करीब 6:30 बजे सीतापुर रोड पर जगद्गुरु रामभद्राचार्य की कथा सुनकर शहर के अंदर आ रहे थे।
कैसे भटका रास्ता काफिला?
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक तय रूट के अनुसार रक्षा मंत्री के काफिले को मड़ियांव ओवरब्रिज से उतरने के बाद इंजीनियरिंग कॉलेज चौराहा पार करना था। यहां से फ्लाईओवर पर चढ़ना था। लेकिन, काफिले के आगे चल रही गाड़ी के ड्राइवर की चूक के चलते पूरी फ्लीट गलत रास्ते पर चली गई।
वीवीआईपी काफिला जब टेढ़ी पुलिया पहुंच गया तो सुरक्षा व्यवस्था में लगे अधिकारियों ने तत्काल स्थिति संभाली और चौराहे पर लगी बैरिकेडिंग हटाकर काफिले को वापस इंजीनियरिंग कॉलेज चौराहे की ओर मोड़ा। इंजीनियरिंग कॉलेज चौराहा पहुंचने के बाद फ्लीट तय रास्ते पर पहुंची। वहां से फ्लाईओवर पर चढ़ी और आगे बढ़ी। इस घटना के दौरान टेढ़ी पुलिया, मुंशी पुलिया, इंजीनियरिंग कॉलेज के आसपास कुछ मिनटों तक यातायात प्रभावित रहा।
कई गंभीर सवाल खड़े हुए
वीवीआईपी मूवमेंट के दौरान रूट का प्री-ट्रायल और रिहर्सल किया जाता है, इसके बावजूद इतनी बड़ी लापरवाही कैसे हुई, इसकी जांच शुरू कर दी गई है। सूत्रों के मुताबिक, रूट प्रभारी और लापरवाही बरतने वाले जिम्मेदार पुलिसकर्मियों पर जल्द ही गाज गिर सकती है।
